दिल्ली को स्वच्छ और कचरा मुक्त बनाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार को ‘दिल्ली को कूड़े से आजादी-स्वच्छता अभियान 2026’ की शुरुआत की। दिल्ली नगर निगम मुख्यालय से शुरू हुआ यह शहरव्यापी अभियान 17 अगस्त से 2 अक्टूबर तक चलेगा। अभियान के तहत सार्वजनिक स्थानों के साथ-साथ स्कूलों, सरकारी अस्पतालों, सार्वजनिक शौचालयों और पार्कों की सफाई पर विशेष जोर दिया जाएगा।
अभियान के शुभारंभ कार्यक्रम में दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष एवं केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा, कैबिनेट मंत्री आशीष सूद, एमसीडी मेयर प्रवेश वाही, विधायक अभय वर्मा समेत वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने लोगों से अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील करते हुए ‘माय सिटी, माय रिस्पॉन्सिबिलिटी’ की भावना के साथ काम करने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि स्वच्छता केवल सरकार या सफाई कर्मचारियों की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है।
सीएम ने बताया कि सोशल मीडिया के जरिए भी लोगों को अभियान से जोड़ा जाएगा। अगर किसी इलाके में कूड़ा दिखाई देता है तो लोग संबंधित पोस्ट में मुख्यमंत्री, क्षेत्रीय विधायक और पार्षद को टैग कर समस्या की ओर ध्यान आकर्षित कर सकेंगे।
मुख्यमंत्री ने अभियान के तहत कचरा प्रबंधन के लिए 4Cs- कलेक्शन, क्लीनिंग, कन्वर्जन और सर्कुलर इकोनॉमी को अहम बताया। उनका जोर कचरे को स्रोत पर ही अलग करने, बेहतर कलेक्शन व्यवस्था और कचरे के वैज्ञानिक निस्तारण पर है।
अभियान में सिंगल यूज प्लास्टिक को कम करने के साथ 3R सिद्धांत यानी रिड्यूस, रियूज और रीसायकल को बढ़ावा दिया जाएगा। साथ ही जहां भी गंदगी नजर आए, वहां तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने पर जोर रहेगा।
अभियान के तहत 23 और 30 अगस्त को JJ क्लस्टरों में विशेष सफाई अभियान चलाया जाएगा। इसके बाद 6 और 13 सितंबर को भी इन क्षेत्रों में स्वच्छता अभियान जारी रहेगा।
1 से 10 सितंबर तक पार्कों में जमा ग्रीन वेस्ट को हटाने का अभियान चलेगा। वहीं, प्रत्येक शनिवार और रविवार सार्वजनिक शौचालयों की सफाई सुनिश्चित करने पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।
17 सितंबर को दिल्ली के सरकारी अस्पतालों में विशेष स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा। इसके अलावा 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक ‘मेरा स्कूल सबसे सुंदर’ प्रतियोगिता के जरिए स्कूलों की साफ-सफाई और रखरखाव को बेहतर बनाने का प्रयास किया जाएगा। स्कूलों के लिए ‘जीरो वेस्ट कैंपस अभियान’ भी शुरू किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने स्वच्छता के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन करने वाले वार्डों के लिए प्रोत्साहन की भी घोषणा की। उत्कृष्ट कार्य करने वाले वार्डों को कुल ₹1 करोड़ तक का प्रोत्साहन दिया जाएगा।
सरकार का लक्ष्य कचरा प्रबंधन को सिर्फ सफाई अभियान तक सीमित रखने के बजाय इसे दिल्लीवासियों की रोजमर्रा की आदत और जिम्मेदारी का हिस्सा बनाना है। मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि ‘माय सिटी, माय रिस्पॉन्सिबिलिटी’ की भावना के साथ सामूहिक प्रयास से दिल्ली को स्वच्छ और कूड़ा मुक्त बनाने की दिशा में अभियान सफल होगा।