जर्मनी के फ्रैंकफर्ट से दिल्ली आ रही एयर इंडिया की फ्लाइट AI2030 को लेकर जयपुर एयरपोर्ट पर उस समय हड़कंप मच गया, जब विमान को हाईजैक किए जाने की आशंका के बीच इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, सुरक्षा एजेंसियों की जांच के बाद हाईजैक की आशंका अफवाह साबित हुई। मामले को लेकर एयरपोर्ट पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई।
क्या है स्क्वॉक कोड 7500?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, विमान के मुंबई फ्लाइट इन्फॉर्मेशन रीजन (FIR) में रहने के दौरान पायलट की ओर से स्क्वॉक कोड 7500 सक्रिय किया गया था। विमानन क्षेत्र में इस कोड का इस्तेमाल हाईजैकिंग या विमान में गैरकानूनी हस्तक्षेप का संकेत देने के लिए किया जाता है। इसके बाद विमान को जयपुर की ओर डायवर्ट किया गया।
जयपुर एयरपोर्ट पर सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
जानकारी के अनुसार, सुबह करीब 9:05 बजे एयर ट्रैफिक कंट्रोल को इमरजेंसी अलर्ट मिला। इसके बाद विमान की जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई। लैंडिंग के बाद बोइंग 787-9 विमान को सुरक्षा जांच के लिए आइसोलेशन बे में ले जाया गया।
घटना की सूचना मिलने पर जयपुर पुलिस का बम निरोधक दस्ता, दमकल विभाग और अन्य सुरक्षा टीमें एयरपोर्ट पहुंचीं। राजस्थान पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।
बम की धमकी की भी सामने आई जानकारी
पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, मालवीय नगर के सहायक पुलिस आयुक्त शिव दयाल ने बताया कि एयरपोर्ट अधिकारियों ने फ्रैंकफर्ट-दिल्ली फ्लाइट की इमरजेंसी लैंडिंग के बारे में पुलिस को जानकारी दी थी। शुरुआती सूचना में बम की धमकी का भी जिक्र किया गया।
फिलहाल विमान में सवार यात्रियों की संख्या और पूरे घटनाक्रम को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी का इंतजार है। एयर इंडिया की ओर से आधिकारिक बयान आने के बाद मामले की स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।